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तलाश आ बैठी है मेरे जीवन मे

तलाश आ बैठी है मेरे जीवन मे कुछ धारणए सज सवर बैठ जाती है ! समय जो निरंतर है , चलता रहता है, सतह पर बदलाव होते रहते है ! मूल सतह कहीं गहराइयो मे बसी होती है , वह … Continue reading

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